Login
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravdio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequa. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat.
Create an accountLost your password? Please enter your username and email address. You will receive a link to create a new password via email.
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान छींक आना (सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग): कारण, लकà¥à¤·à¤£ और उपचार
In this Article
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग या राइनाइटिस की समसà¥à¤¯à¤¾ कैसे होती है?
कà¥à¤¯à¤¾ गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान छींकना हानिकारक है?
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान छींक आने के कà¥à¤¯à¤¾ कारण हैं?
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान छींकने के कारण दरà¥à¤¦ कà¥à¤¯à¥‹à¤‚ होता है?
कà¥à¤¯à¤¾ छींक आना गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला और उसके बचà¥à¤šà¥‡ को पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ करती है?
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान छींक के कारण पेशाब लीक होना
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान छींक को कैसे ठीक करें?
डॉकà¥à¤Ÿà¤° से कब मिलें?
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान छींक से कैसे छà¥à¤Ÿà¤•ारा पाà¤à¤‚?
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग या छींक आना à¤à¤• आम बात है। यह समसà¥à¤¯à¤¾ तकलीफदेह हो सकती है पर यदि आप सामानà¥à¤¯ से अधिक छींकती हैं तो इसमें चिंता करने की कोई à¤à¥€ बात नहीं है। मेडिकल में इस समसà¥à¤¯à¤¾ को ‘पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी राइटिस’ कहते हैं और यह समसà¥à¤¯à¤¾ 18-42% गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं को पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ करती है। आइठजानते हैं कि गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग होती कैसे है?
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग या राइनाइटिस की समसà¥à¤¯à¤¾ कैसे होती है?
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान शरीर में नेसल पैसेज और रेसà¥à¤ªà¤¿à¤°à¥‡à¤Ÿà¤°à¥€ सिसà¥à¤Ÿà¤® जैसे हर à¤à¤• अंग सेंसिटिव हो जाते हैं। इस समय आपको à¤à¤¸à¥€ चीजों से à¤à¥€ à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€ हो सकती है जिससे पहले कà¤à¥€ नहीं हà¥à¤ˆ थी। खून की मातà¥à¤°à¤¾ बà¥à¤¨à¥‡ से नाक की कैपिलरीज में सूजन आ जाती है और इस वजह से नाक बà¥à¤²à¥‰à¤• हो सकती है। इसके अलावा गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के हॉरà¥à¤®à¥‹à¤¨à¥à¤¸ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ मà¥à¤¯à¥‚कस उतà¥à¤ªà¤¨à¥à¤¨ करते हैं और यह जà¥à¤•ाम जैसी समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं का कारण बनता हैं, जैसे कंजेशन, बंद नाक और लगातार सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग।
यदि आप बीमार नहीं हैं तो सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग से आपको उतनी तकलीफ नहीं होगी। पर गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान यह समसà¥à¤¯à¤¾ आपके लिठचिंता का कारण बन सकती है। जैसा कि पहले à¤à¥€ बताया गया है कि गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग की समसà¥à¤¯à¤¾ आम है पर इससे शारीरिक समसà¥à¤¯à¤¾à¤à¤‚ हो सकती हैं। इस लेख में हमने गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग से संबंधित सà¤à¥€ संà¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ सवालों का संकलन किया है। जानने के लिठयह लेख पूरा पà¥à¥‡à¤‚।
कà¥à¤¯à¤¾ गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान छींकना हानिकारक है?
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान हर महिला की इमà¥à¤¯à¥à¤¨à¤¿à¤Ÿà¥€ बहà¥à¤¤ कम होती है। इमà¥à¤¯à¥à¤¨à¤¿à¤Ÿà¥€ कमजोर होने से सेंसà¥à¤Ÿà¤¿à¤µà¤¿à¤Ÿà¥€ बà¥à¤¤à¥€ है जिसके परिणामसà¥à¤µà¤°à¥‚प à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¤¿à¤• रिà¤à¤•à¥à¤¶à¤¨ हो सकता है और नेसल पैसेज, गले और रेसà¥à¤ªà¤¿à¤°à¥‡à¤Ÿà¤°à¥€ सिसà¥à¤Ÿà¤® में सूजन हो जाती है। यदà¥à¤¯à¤ªà¤¿ गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान लगातार छींक आने से तकलीफ और थकावट हो सकती है पर यह हानिकारक नहीं है।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान छींक आने के कà¥à¤¯à¤¾ कारण हैं?
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान जà¥à¤•ाम, सरà¥à¤¦à¥€ और छींकें तà¥à¤°à¤‚त आना शà¥à¤°à¥‚ हो सकती हैं, इसके कई कारण हो सकते हैं;
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग होने का सबसे मà¥à¤–à¥à¤¯ कारण पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी राइटिस है। चूंकि गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं के शरीर में खून की मातà¥à¤°à¤¾ बà¥à¤¤à¥€ रहती है इसलिठउनकी नाक की कैपिलरीज में सूजन आ सकती है और नेजल पैसेज में मà¥à¤¯à¥‚कस à¤à¥€ बॠसकता है जिससे नाक में सूजन होती है। यही कारण है कि नेजल पैसेज और रेसà¥à¤ªà¤¿à¤°à¥‡à¤Ÿà¤°à¥€ सिसà¥à¤Ÿà¤® में सूजन, कंजेशन और नाक बंद होती है।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ संबंधी समसà¥à¤¯à¤¾à¤à¤‚ à¤à¥€ होती हैं जिसमें सरà¥à¤¦à¥€-जà¥à¤•ाम à¤à¥€ शामिल है। यह अकà¥à¤¸à¤° महिलाओं का इमà¥à¤¯à¥‚न सिसà¥à¤Ÿà¤® कमजोर होने की वजह से होता है जो शरीर को सामानà¥à¤¯ सरà¥à¤¦à¥€-जà¥à¤•ाम में à¤à¥€ कमजोर कर देता है।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान महिलाओं में à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€ के कारण à¤à¥€ सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग और जà¥à¤•ाम हो सकता है। गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दिनों में आपको पहले से à¤à¥€ à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€ हो सकती है या इस समय आपको कोई नई à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€ à¤à¥€ हो सकती है।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान छींकने के कारण दरà¥à¤¦ कà¥à¤¯à¥‹à¤‚ होता है?
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान महिलाओं को छींक आने से जो दरà¥à¤¦ होता है वह राउंड लिगामेंटà¥à¤¸ में खिंचाव के कारण होता है। यह लिगामेंट गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ के सामने वाली उसà¥à¤‚धी (गà¥à¤°à¥‹à¤‡à¤¨) से जà¥à¥œà¤¤à¥€ है और गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ को चारों तरफ से सपोरà¥à¤Ÿ करती है। जैसे ही à¤à¤• गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला को छींक आती है उसी समय राउंड लिगामेंट टाइट हो जाती है जिसके परिणामसà¥à¤µà¤°à¥‚प अचानक से à¤à¤Ÿà¤•ा लगता है। इसकी वजह से गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान बहà¥à¤¤ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ दरà¥à¤¦ होता है और यह आम है। इसमें चिंता करने की कोई बात नहीं है।
हालांकि कà¥à¤›-कà¥à¤› मामलों में गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग के कारण दरà¥à¤¦ सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ से संबंधित समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं की वजह से à¤à¥€ हो सकता है, जैसे सिसà¥à¤Ÿà¥¤ जिन गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं को पेलà¥à¤µà¤¿à¤• गिरà¥à¤¡à¤² में साइटिका या दरà¥à¤¦ होता है, उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ à¤à¥€ सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग से गंà¤à¥€à¤° दरà¥à¤¦ हो सकता है।
कà¥à¤¯à¤¾ छींक आना गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला और उसके बचà¥à¤šà¥‡ को पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ करती है?
A pregnant woman sneezing
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग मà¥à¤¯à¥‚कस मेमà¥à¤¬à¥à¤°à¥‡à¤¨ में सूजन की वजह से होती है जिससे चिड़चिड़ापन और लगातार छींक आती है, इसके लकà¥à¤·à¤£ जà¥à¤•ाम और खांसी जैसे ही होते हैं। इसमें यदि आपको बà¥à¤–ार या शरीर में दरà¥à¤¦ नहीं होता है तो यह पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी राइटिस है जो गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के 8वें सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ में हो सकता है।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग होने से बचà¥à¤šà¥‡ या माठको कोई à¤à¥€ समसà¥à¤¯à¤¾ नहीं होती है। यह डिलीवरी के कà¥à¤› सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ के बाद अपने आप खतà¥à¤® हो जाती है। यदà¥à¤¯à¤ªà¤¿ यह पूरी तरह से नॉरà¥à¤®à¤² है और इसमें चिंता करने की कोई बात नहीं है फिर à¤à¥€ कà¥à¤› दà¥à¤°à¥à¤²à¤ मामलों में इससे पीठमें दरà¥à¤¦, जबड़े में जकड़न और रेसà¥à¤ªà¤¿à¤°à¥‡à¤Ÿà¤°à¥€ टà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥à¤Ÿ में चोट लग सकती है। हालांकि बचà¥à¤šà¤¾ गरà¥à¤ में पूरी तरह से सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ रहता है। माठके छींकने पर गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ में हलà¥à¤•ा सा à¤à¤Ÿà¤•ा जरूर आता है पर इससे बचà¥à¤šà¥‡ कोई à¤à¥€ हानि नहीं होती है।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान छींक के कारण पेशाब लीक होना
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान छींक आने पर पेशाब लीक होना à¤à¤• आम बात है। à¤à¤¸à¤¾ इसलिठहोता है कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ बà¥à¤²à¥ˆà¤¡à¤° के ऊपर की ओर बà¥à¤¤à¤¾ है जिस वजह से यदि महिला छींकती है तो बà¥à¤²à¥ˆà¤¡à¤° पर दबाव पड़ सकता है। यह कई मांओं के लिठशरà¥à¤®à¤¨à¤¾à¤• और असà¥à¤µà¤¿à¤§à¤¾à¤œà¤¨à¤• à¤à¥€ होता है और इसे ठीक करने के लिठजà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ कà¥à¤› किया à¤à¥€ नहीं जा सकता है। हालांकि कीगल à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ करने से पेलà¥à¤µà¤¿à¤• की मांसपेशियां मजबूत होती हैं और समसà¥à¤¯à¤¾ को खतà¥à¤® करने में मदद करती है। कà¥à¤› महिलाà¤à¤‚ इससे बचने के लिठपैंटी लाइनरà¥à¤¸ का उपयोग à¤à¥€ कर सकती हैं।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान छींक को कैसे ठीक करें?
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान हर समय छींक आने से आपको असà¥à¤µà¤¿à¤§à¤¾à¤à¤‚ हो सकती हैं। इसकी वजह से गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं को थकान हो सकती है। इसलिठसà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग की समसà¥à¤¯à¤¾ को ठीक करने के तरीके खोजना à¤à¥€ जरूरी है। पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी राइटिस को ठीक करने के निमà¥à¤¨à¤²à¤¿à¤–ित तरीके दिठहैं, आइठजानें;
1. मेडिकल टà¥à¤°à¥€à¤Ÿà¤®à¥‡à¤‚ट
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान महिलाओं के लिठसà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग का उपचार करना थोड़ा कठिन है कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि इस समय आप पहले की तरह कोई à¤à¥€ दवाइयां नहीं ले सकती हैं। हालांकि आप इस समसà¥à¤¯à¤¾ को ठीक करने के लिठमेडिकल à¤à¤¡à¤µà¤¾à¤‡à¤¸ ले सकती हैं। डायगà¥à¤¨à¥‹à¤¸à¤¿à¤¸ के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° डॉकà¥à¤Ÿà¤° आपको इसके लिठअनलगेसिकà¥à¤¸ या à¤à¤‚टीहिसà¥à¤Ÿà¤®à¤¾à¤‡à¤‚स लेने की सलाह दे सकते हैं।
डॉकà¥à¤Ÿà¤° सूजन और à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€ को कम करने के लिठà¤à¤‚टीहिसà¥à¤Ÿà¤®à¤¾à¤‡à¤‚स लेने की सलाह देते हैं। à¤à¤¨à¤²à¤—ेसिकà¥à¤¸ की दवाà¤à¤‚ जà¥à¤•ाम की दवाओं के लिठजाना जाता है। à¤à¤¸à¥à¤Ÿà¤®à¥€à¤¨à¥‹à¤«à¥‡à¤¨ और आइबà¥à¤°à¥à¤ªà¥à¤°à¥‹à¤«à¥‡à¤¨ दवाà¤à¤‚ नॉन-सà¥à¤Ÿà¥‡à¤°à¥‹à¤¡à¤¿à¤…ल होती हैं और यह सूजन को कम करती है। यदि आप गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ की शà¥à¤°à¥‚आत में ही à¤à¤¸à¥à¤Ÿà¤®à¥€à¤¨à¥‹à¤«à¥‡à¤¨ और इबà¥à¤°à¥‹à¤«à¥‡à¤¨ लेती हैं तो इससे बचà¥à¤šà¥‡ को जनà¥à¤® से विकलांग होने का खतरा या कोई अनà¥à¤¯ कॉमà¥à¤ªà¥à¤²à¤¿à¤•ेशन नहीं होती है।
2. नेचà¥à¤°à¤² टà¥à¤°à¥€à¤Ÿà¤®à¥‡à¤‚ट
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤²à¥‹à¤ªà¥ˆà¤¥à¥€ दवाओं का उपयोग करने से पहले नेचà¥à¤°à¤² रेमेडी का उपयोग करना चाहिà¤à¥¤ गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग के उपचार के लिठयहाठकà¥à¤› नेचà¥à¤°à¤² रेमेडीज बताठगठहैं, आइठजानें;
सà¥à¤Ÿà¥€à¤® लेने से à¤à¥€ नेसल पैसेज साफ हो सकता है।
कंजेसà¥à¤¶à¤¨ की समसà¥à¤¯à¤¾ से राहत पाने के लिठआप सà¥à¤Ÿà¥€à¤® में पेपरमिंट तेल या यà¥à¤•लिपà¥à¤Ÿà¤¸ तेल की à¤à¤•-दो बूंदें डाल लें।
हेलà¥à¤¦à¥€ सूप या सलाद में काली मिरà¥à¤š डालकर खाने से à¤à¥€ सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग की समसà¥à¤¯à¤¾ कम हो सकती है। आप दिनà¤à¤° में 2-3 बार गà¥à¤¨à¤—à¥à¤¨à¥‡ पानी में काली मिरà¥à¤š पाउडर मिलाकर à¤à¥€ ले सकती हैं। आप चाहें तो गà¥à¤¨à¤—à¥à¤¨à¥‡ पानी में काली मिरà¥à¤š पाउडर डालकर गरारा à¤à¥€ कर सकती हैं, इससे à¤à¥€ आपको सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग से बहà¥à¤¤ राहत मिलेगी।
अदरक में चिकितà¥à¤¸à¥€à¤¯ गà¥à¤£ होने के कारण यह à¤à¤¾à¤°à¤¤ में बहà¥à¤¤ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ लोकपà¥à¤°à¤¿à¤¯ है। इसका उपयोग करने के लिठआप थोड़ा पानी गरà¥à¤® करें और उसमें कचà¥à¤šà¥‡ अदरक को किस कर डाल दें। इस मिशà¥à¤°à¤£ को 3 से 5 मिनट तक उबलने दें और फिर ठंडा होने दें। आप इसमें à¤à¤• चमà¥à¤®à¤š शहद à¤à¥€ मिला सकती हैं और इस मिशà¥à¤°à¤£ को आप रात को सोते समय पिà¤à¤‚। यह आपकी सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग की समसà¥à¤¯à¤¾ को ठीक करने में मदद करेगा।
लहसà¥à¤¨ खाने से à¤à¥€ इनà¥à¤«à¥‡à¤•à¥à¤¶à¤¨ ठीक हो जाता है। आप कचà¥à¤šà¥‡ लहसà¥à¤¨ की कलियां कचà¥à¤šà¥€ खाà¤à¤‚ या फिर खाने में पकाकर ले सकती हैं। आप कचà¥à¤šà¥‡ लहसà¥à¤¨ की कà¥à¤› कलियों को कूट लें और उसे सूंघें। इसकी महक से आपकी नेजल पैसेज की सूजन कम हो सकती है।
डॉकà¥à¤Ÿà¤° से कब मिलें?
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान लगातार सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग होने से आपको बहà¥à¤¤ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ असà¥à¤µà¤¿à¤§à¤¾à¤à¤‚ हो सकती हैं पर यह चिंता का कारण नहीं है। हालांकि यदि आपको सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग के निमà¥à¤¨à¤²à¤¿à¤–ित लकà¥à¤·à¤£ नजर आते हैं तो आप तà¥à¤°à¤‚त डॉकà¥à¤Ÿà¤° से संपरà¥à¤• करें;
यदि आपको रेसà¥à¤ªà¤¿à¤°à¥‡à¤Ÿà¤°à¥€ समसà¥à¤¯à¤¾à¤à¤‚ या सीने में दरà¥à¤¦ होता है।
यदि आपका शारीरिक तापमान 100 डिगà¥à¤°à¥€ से कम रहता है।
यदि आपको à¤à¥‚ख नहीं लगती है।
यदि आपको सोने में कठिनाई होती है।
यदि आपको बोलने या सांस लेने में घरघराहट महसूस होती है।
यदि आपकी खांसी में जो मà¥à¤¯à¥‚कस आता है उसका रंग पीला या हरा है।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान छींक से कैसे छà¥à¤Ÿà¤•ारा पाà¤à¤‚?
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ की पहली तिमाही में सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग होना आम है कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि यह समसà¥à¤¯à¤¾ तब होती है जब आपकी इमà¥à¤¯à¥à¤¨à¤¿à¤Ÿà¥€ बहà¥à¤¤ कमजोर हो। इससे अकà¥à¤¸à¤° दूसरी तिमाही में लिगामेंटà¥à¤¸ में दरà¥à¤°à¥à¤¦ होता है पर यह दरà¥à¤¦ तीसरी तिमाही आने तक खतà¥à¤® हो जाता है। इसलिठगरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग होना बहà¥à¤¤ आम बात है। हालांकि कà¥à¤› तरीके हैं जिनकी मदद से आप विशेषकर राइटिस/à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€ से बचाव कर सकती हैं। वे तरीके कौन से हैं, आइठजानें;
नेसल पैसेज को साफ करने के लिठआप नेटी पॉट का उपयोग करें। हालांकि इस आयà¥à¤°à¥à¤µà¥‡à¤¦à¤¿à¤• तरीके को ठीक से करने में आपको समय à¤à¥€ लग सकता है।
विशेषकर सरà¥à¤¦à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ के मौसम में हà¥à¤¯à¥à¤®à¤¿à¤¡à¤¿à¤«à¤¾à¤¯à¤° की मदद से हवा में नमी आती है जिससे à¤à¥€ सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग ठीक हो सकती है।
यदि आपको वातावरणीय धूल, पॉलन या मोलà¥à¤¡ से à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€ है तो आप à¤à¤¯à¤° पà¥à¤¯à¥‚रीफायर का उपयोग à¤à¥€ कर सकती है।
आप नेसल पैसेज को साफ करने के लिठनमकीन पानी का उपयोग à¤à¥€ कर सकती हैं। नमक पैसेज की सूजन को कम करने में मदद करता है।
उन चीजों से बचें जिससे à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€ हो सकती है।
विटामिन ‘सी’ यà¥à¤•à¥à¤¤ फल खाà¤à¤‚, जैसे कीवी, मोसंबी, संतरे, सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‰à¤¬à¥‡à¤°à¥€ और इतà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¿à¥¤ यह फल सरà¥à¤¦à¥€ और जà¥à¤•ाम को कम करने में मदद करते हैं।
à¤à¤²à¤°à¥à¤œà¥€/जà¥à¤•ाम को ठीक करने के लिठडॉकà¥à¤Ÿà¤° से सलाह लें और पà¥à¤°à¤¿à¤¸à¥à¤•à¥à¤°à¤¿à¤ªà¥à¤¶à¤¨ फॉलो करें।
रेसà¥à¤ªà¤¿à¤°à¥‡à¤Ÿà¤°à¥€ सिसà¥à¤Ÿà¤® के ऊपरी à¤à¤¾à¤— में इनà¥à¤«à¥‡à¤•à¥à¤¶à¤¨ होने से सà¥à¤¨à¥€à¤œà¤¿à¤‚ग हो सकती है। यह समसà¥à¤¯à¤¾ बैकà¥à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ और वायरस के कारण होती है और अकà¥à¤¸à¤° इसमें कोई चिंता करने की बात नहीं है। पर कà¤à¥€-कà¤à¥€ यह इनà¥à¤«à¥‡à¤•à¥à¤¶à¤¨ शरीर के अनà¥à¤¯ अंगों में फैल जाता है जिसकी वजह से गंà¤à¥€à¤° समसà¥à¤¯à¤¾ हो सकती है। इसलिठजितना जलà¥à¤¦à¥€ हो सके उतना जलà¥à¤¦à¥€ इसका इलाज करना जरूरी है।
| --------------------------- | --------------------------- |